अंबिकापुर. पिछले 32 दिनों से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चल रहे सरगुजा के 550 एनएचएम कर्मचारियों की मुसीबत बढ़ गई है। उन्हें नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया है। सरकार की ओर से जारी अंतिम अल्टीमेटम के बाद भी ड्यूटी पर नहीं लौटने पर स्वास्थ्य सचिव ने सीएमएचओ को पत्र जारी कर नई भर्ती प्रक्रिया शुरु करने के निर्देश दिए हैं। वहीं एनएचएम कर्मचारियों ने इसी शासन की तानाशाही बताते हुए गुरुवार को जेल भरो आंदोलन किया। आंदोलन में संभाग भर के कर्मचारी शामिल हुए। एनएचएम कर्मचारियों का कहना है कि शासन हमारी मांगे नहीं मानती है तो उग्र आंदोलन व आत्मदाह भी करेंगे।
संविलियन एवं स्थायीकरण सहित 10 सूत्रीय मांगों को लेकर एनएचएम कर्मचारी 18 अगस्त से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। हड़ताल पर चले जाने से स्वास्थ्य व्यवस्था काफी प्रभावित हुई है। शासन व जिला प्रशासन द्वारा ड्यूटी पर लौटने के लिए कई बार अल्टीमेटम दिया जा चुका है। इसके बावजूद भी कर्मचारी ड्यूटी पर नहीं लौटे हैं।
स्वास्थ्य सविच अमित कटारिया द्वारा 16 सितंबर तक का अंतिम अल्टीमेटम दिया गया था। इसके बावजूद कर्मचारी नहीं लौटे। इसके बाद 17 सितंबर की शाम को स्वास्थ्य सचिव ने सीएमएचओ को पत्र जारी कर नई भर्ती (Strict action on NHM workers) करने के निर्देश दिया हैं।
गौरतलब है कि हड़ताल शुरु होने के कुछ ही दिन बाद ही शासन द्वारा एनएचएम कर्मचारियों की 5 मांगें पूरी कर दी गई थीं। इसके बावजूद इनके द्वारा हड़ताल समाप्त नहीं की गई। कर्मचारी नियमितिकरण सहित अन्य शेष मांगों को लेकर अडिग है।
एक माह का वेतन देकर करें बर्खास्त
सीएमएचओ प्रेम सिंह मरकाम ने स्वास्थ्य सचिव द्वारा जारी निर्देश की जानकारी कलेक्टर को दी। कलेक्टर ने निर्देश दिया है कि हड़ताल पर रहे एनएचएम कर्मचारियों को 1 माह का वेतन देकर बर्खास्त (Strict action on NHM workers) करें। वहीं संविदा के तहत एनएचम के लिए नई भर्ती प्रक्रिया निकालें।

550 कर्मचारियों की नौकरी हो जाएगी खत्म
शासन के आदेश के बाद जिले के लगभग 550 एनएचएम कर्मचारियों की नौकरी खत्म हो जाएगी। इनकी जगह पर नई भर्ती की जाएगी। सीएमएचओ ने बताया कि बर्खास्त (Strict action on NHM workers) किए गए कर्मचारी भी भर्ती में भाग ले सकते हैं। लेकिन इनकी वरिष्ठता खत्म हो जाएगी। एनएचएम के लिए जो अभ्यर्ती वेटिंग में हैं उन्हें प्राथमिकता दी जाएगी।
एनएचएम कर्मचारियों ने दी गिरफ्तारी
इधर मांगें पूरी न होने और शासन द्वारा की जा रही कार्रवाई के विरोध (Strict action on NHM workers) में एनएचएम कर्मचारियों ने जेल भरो आंदोलन किया। संभाग भर के कर्मचारी प्रतीक्षा बस स्टैंड के पास से रैली निकालकर कलाकेन्द्र मैदान पहुंचे। जहां इन्होंने शासन व जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
एनएचएम कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष शिल्पी राय ने कहा कि शासन की कुटनीति चल रही है। शासन-प्रशासन हमलोगों के साथ दमनकारी नीति अपना रही है। प्रदेश भर में 16 हजार कर्मचारियों के खिलाफ बर्खास्तगी की नोटिस निकाला गया है।
उन्होंने कहा कि शासन के आदेश से केवल एक कर्मचारी नहीं, बल्कि उसका परिवार बर्खास्त हो गया है। हम सब रोड पर आ गए हैं। इसलिए हम आगे उग्र आंदोलन करेंगे। एनएचएम कर्मचारियों ने आत्मदाह की भी चेतावनी दी है।